Google

Google का नाम Google कैसें पड़ा ?? इसकी शुरुआत कैसें हुइ ।

दोस्तों! आज हम Google के बारें में चर्चा करने जा रहे हैं। मुझे विश्वास है कि आप पिछले कई वर्षों से इंटरनेट पर रहे हैं और Google के बारे में जानते हैं। इस पोस्ट मे हम “गूगल क्या है” की तुलना में “गूगल ” का क्या अर्थ है?” जानने की कोशिश करेंगे। मैं इस बारे में बात करना चाहता हूं कि गूगल को इसका नाम कैसे मिला। क्या आपकों पता है, गूगल गलती से बना हुआ शब्द हैं। जिसने अब ऑक्सफोर्ड इंग्लिश डिक्शनरी में अपना सही स्थान ले लिया है। क्या आपने कभी सोचा है कि Google का नाम Google ही क्यों रखा गया।

आइए देखतें हैं।

Google एक बहुत बड़ी टेक कंपनी है। जिसका मुख्यालय- 1600 Amphitheatre Parkway माउंटेन व्यू (mountain view) , कैलिफ़ोर्निया में है। इस कम्पनी का प्राथमिक उत्पाद दुनिया का सबसे लोकप्रिय सर्च इंजन बन गया है। अगर आपको गूगल तक पहुंचना है तो आपको “Google.com ” टाईप करना होगा। और आप गूगल तक पहुँच जाओगे। यही इसकी ऑफिशिअल वेबसाइट हैं ।

गूगल का CEO

पिचाई सुंदरराजन, जिसे सुंदर पिचाई के नाम से भी जाना जाता है। यह एक भारतीय अमेरिकी व्यापार कार्यकारी, ALPHABET INC. के मुख्य कार्यकारी अधिकारी और इसकी सहायक Google LLC है।

Google की शुरुआत किसने की?

इसकी खोज 4 सितंबर 1998 में दो स्नातक छात्रों ने की थी। जिनके नाम हैं – लैरी पेज और सर्गेई ब्रिन। ये दोनों छात्र स्टैनफोर्ड में एक सर्च इंजन पर काम कर रहे थे और उन्होनें सफलता पूर्वक एक सर्च इंजन को विकसित किया जिसका नाम “BackRub” रखा गया। इसका सर्च इंजन का नाम backrub इसलिए रखा गया क्योंकि उनके सर्च इंजन को बैकलिंक्स के माध्यम से खोजा गया था। लेकिन सौभाग्य से, वे यह जानते थे कि BackRub तकनीकी कंपनियों के इतिहास में सबसे खराब तकनीकी कंपनी का नाम था। और उन्हें सर्च इंजन के लिए कुछ और उपयुक्त नाम खोजने की आवश्यकता थी।

गोगोल प्लेक्स (Google plex)

अभी वो कोई नया नाम सोच ही रहें थे कि उनकीं मुलाकत एक बुद्धिमान छात्र से हुई जिसका नाम सीन (sean) था। जो उनका स्नातक साथी छात्र था। सीन backrub की बजाय Google plex (गोगोलिप्लेक्स) शब्द का सुझाव दिया। आपको बता दे कि जब आप सवाल पूछते हैं, “गूगल का क्या मतलब है,” यह पता चलता है कि Googol वास्तव मे एक गणितीय शब्द हैं। गोगोल वह नाम है जिसका इस्तेमाल गणितज्ञों ने 10 से 100 की घात के संदर्भ में किया है: या 10,000,000,000,000,000,000,000,000,000,000,000,000,000,000,000,000,000,000,000,000,000,000,000,000, 000,000,000,000,000,000,000,000,000

यह नाम सीन से इसलिए सुझाया था कि जिस प्रकार 10 के 100 घात लगने से संख्या बहुत बड़ी हो जाती हैं अर्थात् बहुत सारी जानकारी आ जाती हैं। वेसे ही गूगल मे भी कई सारी इन्फोर्मेशन मिल जायेगी।

फिर … शॉन ने गोगोलिप्लेक्स का सुझाव दिया, तो लैरी ने कि इतने बड़े नाम के बजाये एक छोटा सा नाम ज्यादा पसंद किया जाता हैं। और उन्होँने Google plex की जगह केवल Googol नाम ही स्वीकार किया।

लेकिन अब बारी थी डोमेन नेम सर्च करने की। जब सीन डोमेन नेम सर्च कर रहा था तो अचानक गलती से , उसके सामने google.com शब्द आया। जो लेरि को भी पसंद आया । फिर देख गया कि क्या यह डोमेन उपलब्ध है या नहीं। चेक करने पर उनको Google.com डोमेन मिल गया। यह डोमेन नेम 15 सितंबर 1997 को रजिस्टर किया गया था।

Googol (गणित वाला) नाम मूलत: किसने दिया?

अब हम देखतें हैं कि गणित वाला गोगोल नाम किसने दिया। गोगोल और गोगोलिप्लेक्स नाम मूल रूप से मिल्टन सिरोट्टा ने दिया था। जो एडवर्ड कासनेर के भतीजे थे। बता दे कि एडवर्ड कासनेर एक प्रसिद्ध अमेरिकी गणितज्ञ थे।

मिल्टन ने कहा,” गोगोलिप्लेक्स एक इतनी बड़ी संख्या है कि लिखते लिखते थक जातें हैं। इसे लिखने के लिएपहले आपको “एक लिखना होगा, उसके बाद शून्य लिखना होगा जब तक आप थक नहीं जाते।” अर्थात् 10 के बाद 100 बार “0” लिखना था।बेशक, यह कार्य उबाऊ था।

फिर इस कार्य के लिये कारनेरा को चुना गया था जो उस समय का एक प्रसिद्ध बॉक्सर था। वह अधिक धीरज रखता था और अधिक समय तक लिख सकता था। उस टाईम यह भी माना गया कि कारनेरा आइंस्टीन से बेहतर गणितज्ञ हैं क्योंकि वह धैर्य से लिखता हैं। उन्होंने बताया कि गोगोलिपक्स को 10 की घात के रूप मे लिख सकतें हैं, ओर उन्होनें ही 10 की घात की आधिकारिक परिभाषा दी।

गूगल के अन्य प्रॉडक्ट्स

गूगल प्रॉडक्ट्स को हम निम्न भागो मे बांटकर समझ सकते हैं ।


Web-based products

  1. search
  2. image
  3. You tube
  4. news
  5. finance
  6. shopping
  7. books
  8. patents
  9. scholar
  10. assistant
  11. alerts
  12. translate आदि।

Development tools

  1. app engine
  2. developers
  3. Dart
  4. Flutter
  5. Go
  6. Open social
  7. गूगल page speed tools
  8. गूगल web toolkit
  9. search console आदि।

Operating systems

  1. Android
  2. Chrome OS
  3. Wear OS
  4. Android auto
  5. Android TV
  6. Glass OS आदि।

Desktop applications

  1. Adwords editor
  2. chrome
  3. गूगल earth
  4. input tools
  5. Android studio
  6. drive
  7. photo backup
  8. web designer आदि ।

Mobile applications

  1. play books
  2. Gmail
  3. Catalogs
  4. Drive
  5. Tango
  6. maps
  7. गूगल pay
  8. गूगल play music
  9. Hangout
  10. गूगल tez आदि।

सारांश

दोस्तों आशा करता हूँ कि आपको अब समझ आ गया होगा कि गूगल का नाम गूगल ही क्यो पड़ा। गूगल विभिन्न नामों से गुजरते हुए अपने वर्तमान स्वरुप मे as Google आ गया।

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